- सेक्टरों से लेकर पुरानी कॉलोनियों तक जल संकट गहराया, गांव भी चपेट में*
- 7 जुलाई के आसपास नहर में पानी आने की उम्मीद
रोहतक शहर इन दिनों भीषण जल संकट से जूझ रहा है। नहर में पानी बंद होने का सीधा असर पेयजल व्यवस्था पर पड़ा है। हालात ऐसे हैं कि पूरे शहर में सिर्फ एक समय ही पानी की सप्लाई हो रही है। सेक्टर–1, सेक्टर–1 हाउसिंग बोर्ड, माता दरवाजा, हरि सिंह कॉलोनी, राम गोपाल कॉलोनी, चिन्योट कॉलोनी समेत लगभग सभी कॉलोनियों में लोग पानी के लिए परेशान हैं। सुबह से ही पानी भरने के लिए लोगों की कतारें लग रही हैं।
कई इलाकों में तय समय से भी कम पानी पहुंच रहा है, जिससे लोगों की मुश्किलें और बढ़ गई हैं। जलापूर्ति प्रभावित होने से आसपास के गांवों में भी स्थिति गंभीर बनी हुई है। लोगों को घरेलू कामकाज, पीने के पानी और पशुओं के लिए पानी जुटाने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। अधिकारियों के अनुसार नहर में पानी नहीं होने के कारण यह संकट बना है और करीब एक सप्ताह बाद, 7 जुलाई के आसपास नहर में पानी आने के बाद ही सप्लाई सामान्य होने की संभावना है।
आखिर क्यों आया पानी का संकट
शहर और आसपास के क्षेत्रों में जल संकट की सबसे बड़ी वजह नहर में पानी बंद होना है। नहर से ही पेयजल परियोजना को पानी मिलता है। पानी बंद होने के कारण ट्रीटमेंट प्लांट पर पर्याप्त मात्रा में पानी नहीं पहुंच पा रहा, जिससे सप्लाई घटाकर एक समय करनी पड़ी है।
किन-किन इलाकों में सबसे ज्यादा असर
सेक्टर–1, सेक्टर–1 हाउसिंग बोर्ड, माता दरवाजा, हरि सिंह कॉलोनी, राम गोपाल कॉलोनी, चिन्योट कॉलोनी समेत शहर की करीब 70 से ज्यादा कॉलोनियां, आसपास के कई गांव, इन इलाकों में लोग सुबह से पानी भरने के लिए इंतजार कर रहे हैं।
एक सप्ताह और करना होगा इंतजार
अधिकारियों के अनुसार नहर में 7 जुलाई के आसपास पानी छोड़े जाने की संभावना है। इसके बाद जल शोधन संयंत्र को पर्याप्त पानी मिलेगा और फिर धीरे-धीरे पेयजल आपूर्ति सामान्य की जाएगी। तब तक लोगों से पानी का सीमित और सावधानीपूर्वक उपयोग करने की अपील की जा रही है।
लोगों की जुबानी, पानी बना सबसे बड़ा संकट
एक टाइम मिल रहा पानी
एक टाइम पानी आता है, वह भी कम देर के लिए। पूरे परिवार का काम चलाना मुश्किल हो गया है। राजेश कुमार (सेक्टर–1)
इंतजार करते रहते हैं
सुबह से बर्तन और बाल्टियां लगाकर इंतजार करना पड़ता है। कई बार पर्याप्त पानी ही नहीं मिलता। –सुनीता देवी (माता दरवाजा)
परेशानी बढ़ रही
गर्मी में पानी की सबसे ज्यादा जरूरत होती है। एक टाइम सप्लाई से परेशानी लगातार बढ़ रही है। – विनोद शर्मा (हरि सिंह कॉलोनी)
बच्चों के लिए ज्यादा दिक्कत
बच्चों और बुजुर्गों के लिए सबसे ज्यादा दिक्कत है। पानी बचाकर इस्तेमाल करना पड़ रहा है।-रीना वर्मा (राम गोपाल कॉलोनी)
व्यवस्था करे प्रशासन
जब तक नहर में पानी नहीं आता, तब तक प्रशासन को वैकल्पिक व्यवस्था करनी चाहिए।-सुरेश मलिक (सेक्टर–1 हाउसिंग बोर्ड)*
पानी बचाने के लिए क्या करें
- जरूरत के अनुसार ही पानी का इस्तेमाल करें।
- वाहन धोने और फालतू उपयोग से बचें।
- पानी स्टोर करते समय बर्बादी न होने दें।
- लीकेज होने पर तुरंत ठीक कराएं।
- पेयजल को प्राथमिकता दें और अनावश्यक उपयोग से बचें।

