- तीन दिन में चोरी की तीन वारदातों ने लोगों की बढ़ाई चिंता
- बाहर गए परिवारों के घर बन रहे निशाना
- रात में ताले तोड़कर सामान समेट रहे चोर
कविता.रोहतक : शहर में इन दिनों मकान चोरों का ऐसा खौफ है कि घर पर लटका ताला अब परिवार की गैरमौजूदगी का इशारा बनता जा रहा है। पिछले तीन दिनों में चोरी की तीन वारदातों ने शहरवासियों की चिंता बढ़ा दी है।
चोर दिन में उन मकानों की टोह ले रहे हैं, जहां परिवार घूमने, रिश्तेदारी या किसी काम से बाहर गया है और घर कई घंटे या दिनों से बंद पड़ा है। रात होते ही मौका देखकर ताला तोड़कर चोर नकदी, जेवर और घर का कीमती सामान समेटकर फरार हो रहे हैं। लगातार हो रही वारदातों के बीच शहरवासी अब पुलिस से दिन-रात गश्त बढ़ाने की मांग कर रहे हैं।
ताला लटका, चोरों को मिला खाली घर का इशारा
रोहतक में इन दिनों मकान चोरों ने लोगों की नींद उड़ा रखी है। पिछले तीन दिनों में सामने आई चोरी की तीन वारदातों में एक बात लगभग समान नजर आई—घर पर ताला लटका था और परिवार के लोग बाहर गए हुए थे। चोर ऐसे मकानों पर नजर रख रहे हैं, जहां कई घंटों या दिनों तक कोई आवाजाही नहीं होती। दिन में आसपास की गतिविधियों पर नजर रखने के बाद रात होते ही ऐसे घरों को निशाना बनाया जा रहा है। यही वजह है कि शहर में बाहर जाने वाले परिवारों को अब घर की सुरक्षा की चिंता सताने लगी है।
दिन में रैकी, रात में वारदात
चोरों का तरीका भी पुलिस और लोगों की चिंता बढ़ा रहा है। वे दिन में ऐसे मकानों की रैकी कर रहे हैं, जिनके दरवाजे पर लगातार ताला लटका दिखाई देता है। आसपास से यह भांपने की कोशिश की जाती है कि घर में कोई मौजूद है या नहीं। इसके बाद रात के समय मौका देखकर ताला तोड़ा जाता है। हाल की वारदातों से संकेत मिल रहे हैं कि चोरों को पहले से पता होता है कि घर में लोग नहीं हैं। ऐसे में मकान मालिक की छोटी-सी लापरवाही भी चोरों के लिए बड़ा मौका बन रही है।
तीन दिन, तीन चोरी, अलग इलाकों में मचा हड़कंप
11 सितंबर की वारदात में एक ढाबा संचालक के घर से चोर इन्वर्टर, दो बैटरी और तीन गैस सिलेंडर ले गए। परिवार में शोक के कारण ढाबा कई दिनों से बंद था और संचालक घर चला गया था। सुबह लौटने पर दरवाजा टूटा मिला और सामान गायब था। इससे पहले 10 सितंबर को यासीन नर्सरी में रात के समय कमरे में सो रहे कर्मचारियों को बाहर से बंद कर चोर मोबाइल फोन, नकदी समेत अन्य सामान ले गए। वहीं 12 सितंबर को एक बंद मकान का ताला तोड़कर चोर सोने की चेन, अंगूठियां, झुमकी, चांदी की पायल और नकदी समेत लाखों रुपये का सामान ले गए। लगातार सामने आ रही इन घटनाओं ने पुलिस गश्त पर भी सवाल खड़े किए हैं।
घर खाली छोड़ना बना सबसे बड़ा जोखिम
इन वारदातों के बाद सबसे बड़ा सवाल यही है कि परिवार घर से बाहर जाए तो पीछे सुरक्षा कैसे सुनिश्चित करे। चोरों के लिए लंबे समय तक बंद रहने वाला मकान आसान निशाना साबित हो रहा है। ऐसे में परिवार के बाहर जाने पर पड़ोसी को जानकारी देना, घर पर लगातार ताला लटका रहने का आभास न होने देना और आसपास की गतिविधियों पर नजर रखना जरूरी हो गया है। खासतौर पर ऐसे मकानों को लेकर सतर्कता बढ़ानी होगी, जिनके परिवार कई दिनों के लिए रिश्तेदारी या घूमने के लिए बाहर गए हों।
बढ़ानी होगी गश्त, तभी टूटेगा चोरों का हौसला
लगातार चोरी की घटनाओं के बीच शहरवासियों की मांग है कि रात के साथ-साथ दिन में भी पुलिस की गश्त बढ़ाई जाए। वजह साफ है कि चोर रात में वारदात करने से पहले दिन में इलाके की निगरानी कर रहे हैं। यदि संदिग्ध गतिविधियों और बंद मकानों पर पुलिस की नजर बढ़े तो चोरों की रैकी की कड़ी वहीं टूट सकती है। पुलिस ने हाल की घटनाओं में जांच शुरू कर दी है और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपियों तक पहुंचने के प्रयास किए जा रहे हैं। फिलहाल रोहतक के लोगों को यही डर सता रहा है कि कहीं उनके घर का लटका हुआ ताला चोरों के लिए अगली चोरी का न्योता न बन जाए।
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