Repo Rate Hike: भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने रेपो रेट में 25 बेसिस पॉइंट की बढ़ोतरी कर इसे 5.50 प्रतिशत कर दिया है। गवर्नर संजय मल्होत्रा की अगुवाई में MPC ने मौजूदा आर्थिक और वित्तीय परिस्थितियों की समीक्षा के बाद यह फैसला सर्वसम्मति से लिया।
आरबीआई गवर्नर संजय मल्होत्रा ने बताया कि रेपो रेट में बढ़ोतरी के साथ स्टैंडिंग डिपॉजिट फैसिलिटी (SDF) रेट 5.25 प्रतिशत पर समायोजित किया गया है। वहीं, मार्जिनल स्टैंडिंग फैसिलिटी (MSF) रेट और बैंक रेट बढ़कर 5.75 प्रतिशत हो गए हैं।
रेपो रेट बढ़ने का सीधा असर बैंकों की फंडिंग लागत पर पड़ सकता है। इसके चलते होम लोन, ऑटो लोन और पर्सनल लोन जैसे कर्ज की ब्याज दरों में बढ़ोतरी की संभावना है। खासकर फ्लोटिंग रेट वाले कर्ज की EMI बढ़ सकती है, जिससे आम ग्राहकों पर मासिक वित्तीय बोझ बढ़ेगा।
बता दें कि यह बढ़ोतरी 3 साल बाद हुई है। फरवरी 2023 के बाद यह पहला मौका बताया जा रहा है जब RBI ने ब्याज दरों में बढ़ोतरी की है।

