Wednesday, August 12, 2026
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Punjab News: बाल भिक्षावृत्ति के खिलाफ अभियान, 31 छापों के दौरान 47 बच्चों को बचाया गया

Punjab News: मुख्यमंत्री भगवंत मान के कुशल नेतृत्व में राज्य में बाल भिक्षावृत्ति को समाप्त करने के लिए ठोस और जमीनी स्तर पर कार्रवाई की जा रही है। इसके तहत आज सामाजिक सुरक्षा, महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा राज्य भर में चलाए गए विशेष अभियान के दौरान भीख मांगने को मजबूर 47 बच्चों को बचाया गया। यह जानकारी कैबिनेट मंत्री डॉ. बलजीत कौर ने दी।

इस संबंध में अधिक जानकारी देते हुए सामाजिक सुरक्षा, महिला एवं बाल विकास मंत्री डॉ. बलजीत कौर ने बताया कि जीवनजोत मुहिम के अंतर्गत विभाग की जिला बाल सुरक्षा टीमों द्वारा 31 छापे मारे गए। इन छापों के दौरान अमृतसर जिले में 1, बरनाला में 2, बठिंडा में 4, फिरोजपुर में 3, फतेहगढ़ साहिब में 2, गुरदासपुर में 9, फाजिल्का में 1, होशियारपुर में 5, मलेरकोटला में 2, पटियाला में 9, रूपनगर में 2 और श्री मुक्तसर साहिब में 7 बच्चों को बचाया गया।

डॉ. बलजीत कौर ने बताया कि बचाए गए 30 बच्चों के दस्तावेजी सत्यापन के बाद उन्हें उनके माता-पिता को सौंप दिया गया, जबकि 17 बच्चों, जिनके माता-पिता की पहचान नहीं हो सकी, को बाल देखभाल संस्थानों में भेज दिया गया है।

डॉ. बलजीत कौर ने कहा कि यदि किसी बचाए गए बच्चे के मामले में बाल कल्याण समिति को संदेह होता है या लगता है कि मामला गंभीर है और कानूनी जांच की आवश्यकता है, तो एफआईआर दर्ज की जा सकती है। पंजीकरण या डी.एन.ए. परीक्षण कराने जैसी कार्रवाई भी संबंधित उपायुक्त के अनुमोदन से शुरू की जा सकती है। उन्होंने कहा कि यह चरण यह सुनिश्चित करता है कि बच्चे से संबंधित किसी भी उल्लंघन या संदिग्ध स्थिति को गंभीरता से लिया जाए तथा कानूनी और वैज्ञानिक स्तर पर निपटा जाए।

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उन्होंने कड़े शब्दों में चेतावनी दी कि यदि माता-पिता बार-बार समझाने के बावजूद अपने बच्चों को भीख मांगने के लिए मजबूर करते हैं तो उन्हें अयोग्य अभिभावक घोषित करने के लिए कानूनी कार्रवाई की जाएगी और कड़ी सजा दी जाएगी। यदि यह सिद्ध हो जाता है कि यह भीख मांगने का काम किसी तस्करी या आपराधिक गतिविधि के माध्यम से किया जा रहा था, तो ऐसी गतिविधियों में शामिल तत्वों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

कैबिनेट मंत्री ने कहा कि जीवनजोत परियोजना 2.0 केवल एक बचाव अभियान नहीं है, बल्कि बच्चों के संरक्षण, पुनर्वास और सर्वपक्षीय विकास की दिशा में एक संपूर्ण मॉडल है। यह अभियान “रंगीन पंजाब” बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगा।

डॉ. बलजीत कौर ने लोगों से अपील की कि वे भीख मांगने वाले बच्चों को भीख न दें और यदि ऐसा कोई मामला नजर आए तो तुरंत चाइल्ड हेल्पलाइन नंबर 1098 पर सूचना दी जाए।

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