Punjab News: पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने आज कहा कि पिछली सरकारों की गलतियों को सुधारने के तीन साल बाद राज्य सरकार अब पंजाब के प्राचीन गौरव को बहाल करने की राह पर है।
यहां दो प्रमुख संस्थानों अत्याधुनिक औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई) और मल्टी स्किल डेवलपमेंट सेंटर (एमएसडीसी) पर आधारित विश्व कौशल उत्कृष्टता परिसर को जनता को समर्पित करने के बाद उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने दुख व्यक्त किया कि पिछली सरकारों की पिछड़ी नीतियों और गलत भावना के कारण राज्य विकास में पिछड़ गया है। उन्होंने कहा कि एक समय ऐसा था जब उद्योग संकट में था, ड्रग माफिया और गैंगस्टर पिछले शासकों के खुले संरक्षण में फल-फूल रहे थे और पंजाब का विकास पटरी से उतर गया था। भगवंत मान ने कहा कि सत्ता संभालने के पहले दिन से ही उनकी सरकार ने राज्य के समग्र विकास और लोगों की खुशहाली पर ध्यान केंद्रित किया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने लोगों को दी गई लगभग सभी गारंटियां पूरी कर दी हैं और जो गारंटियां नहीं दी गई थीं, उन्हें भी पूरा कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि एक तरफ भाजपा नीत एनडीए सरकार रोजाना टोल दरों में बढ़ोतरी कर रही है, वहीं दूसरी तरफ राज्य सरकार ने पंजाब में 17 टोल प्लाजा बंद कर दिए हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि दुर्भाग्यवश 153 ब्लॉकों में से 117 में भूजल समाप्त हो गया है, जिससे वे ‘डार्क जोन’ क्षेत्र में चले गए हैं। उन्होंने कहा कि पिछली सरकारों ने कभी भूजल बचाने के लिए कोई प्रयास नहीं किया और पांच नदियों वाली इस धरती पर टेल पर रहने वाले किसानों को कभी नहर का पानी नहीं मिला। भगवंत मान ने कहा कि सत्ता संभालने के बाद आप सरकार ने राज्य में 15947 जल मेन पाइपों को पुनर्जीवित किया, जिसके कारण दूरदराज के गांवों में भी टेल तक पानी पहुंच गया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार ने जुलाई 2022 से घरों को मुफ्त बिजली उपलब्ध कराई है, जिसके बाद 90 प्रतिशत घरों के बिजली बिल शून्य आ रहे हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने पहली बार राज्य को बिजली उत्पादन में अधिशेष बनाने के लिए एक निजी फर्म से बिजली संयंत्र खरीदा है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने इस थर्मल प्लांट का नाम तीसरे गुरु श्री गुरु अमरदास जी के नाम पर रखा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब में पूर्ण सांप्रदायिक सद्भाव, शांति और सद्भाव है, जो राज्य के समग्र विकास और समृद्धि के लिए मुख्य रूप से जिम्मेदार है। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार के अथक प्रयासों के कारण पिछले तीन वर्षों में राज्य में लगभग 97,000 करोड़ रुपये का निवेश हुआ है। उन्होंने कहा कि टाटा स्टील, सनातन टेक्सटाइल्स और अन्य प्रमुख कंपनियां राज्य में निवेश के लिए आगे आ रही हैं। उन्होंने कहा कि यह बहुत गर्व की बात है कि कम्पनियां अपने कारोबार के विस्तार के लिए राज्य में उपलब्ध उत्कृष्ट बुनियादी ढांचे, बिजली, कुशल मानव संसाधन तथा अच्छे औद्योगिक एवं कार्य संस्कृति वातावरण का भरपूर लाभ उठा रही हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वह युवाओं को रोजगार उपलब्ध करवाकर उनके हाथों में रोटी के डिब्बे देखना चाहते हैं ताकि वे नशे की बुराई से दूर रह सकें। उन्होंने कहा कि खाली दिमाग शैतान का घर होता है, इसलिए राज्य सरकार यह सुनिश्चित करने के लिए हर संभव प्रयास कर रही है कि अधिक से अधिक युवाओं को रोजगार मिले ताकि वे सामाजिक बुराइयों का शिकार न बनें। उन्होंने कहा कि बेरोजगारी अनेक सामाजिक समस्याओं का मूल कारण है, जिसके चलते राज्य सरकार इस बीमारी को मिटाने पर ध्यान केन्द्रित कर रही है और अब तक युवाओं को लगभग 55 हजार सरकारी नौकरियां दी जा चुकी हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछली सरकारों ने ड्रग माफिया को संरक्षण दिया था, लेकिन उनकी सरकार ने ड्रग्स के खिलाफ जंग छेड़ी है। भगवंत मान ने कहा कि राज्य से नशे की बुराई को खत्म करने के लिए उचित योजना बनाई गई है और अब नशे के खिलाफ जंग पूरी तरह से जारी है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने नशे की सप्लाई लाइन तोड़ने के अलावा इस अपराध में शामिल बड़ी मछलियों को भी सलाखों के पीछे पहुंचाया है। उन्होंने कहा कि मादक पदार्थ तस्करों की संपत्ति जब्त कर नष्ट की जा रही है। उन्होंने कहा कि यह कार्य सक्रिय जन सहयोग के बिना पूरा नहीं हो सकता।