हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने बल्लभगढ़-पलवल मेट्रो विस्तार परियोजना की अंतिम व्यवहार्यता रिपोर्ट को मंजूरी दे दी है। परियोजना की विस्तृत रिपोर्ट केंद्रीय आवासन एवं शहरी कार्य मंत्रालय को भेज दी गई है। गुरुग्राम रैपिड मेट्रो में यात्रियों की संख्या और परिचालन से होने वाली आय में उत्साहजनक वृद्धि दर्ज की गई है।
यह जानकारी आज यहां मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी की अध्यक्षता में हुई हरियाणा मास रैपिड ट्रांसपोर्ट कॉरपोरेशन (एचएमआरटीसी) की 66वीं बोर्ड बैठक में दी गई।
एचएमआरटीसी के प्रबंध निदेशक अजय कुमार ने बताया कि अप्रैल से अगस्त 2026 के दौरान गुरुग्राम रैपिड मेट्रो में 88.81 लाख यात्रियों ने सफर किया, जबकि पिछले वर्ष इसी अवधि में 79.57 लाख यात्रियों ने यात्रा की थी। इस प्रकार यात्रियों की संख्या में 11.62 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई।
एचएमआरटीसी की परिचालन से होने वाली आय भी अप्रैल-अगस्त 2026 के दौरान बढ़कर 18.60 करोड़ रुपये हो गई, जबकि वर्ष 2025 की इसी अवधि में यह 16.66 करोड़ रुपये थी। इस प्रकार परिचालन आय में 11.64 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई। गैर-किराया राजस्व में पिछले वर्ष की तुलना में 64.34 प्रतिशत की वृद्धि हुई। रैपिड मेट्रो स्टेशनों पर लाइसेंस पर दिए गए स्थानों से किराये की आय 2.82 करोड़ रुपये से बढ़कर 3.50 करोड़ रुपये हो गई। वहीं, विज्ञापन अधिकारों के लिए साइटों की ई-नीलामी से 23.14 करोड़ रुपये की आय हुई, जो पिछले वर्ष 13.39 करोड़ रुपये थी।
चल रही परियोजनाओं की जानकारी देते हुए अजय कुमार ने बताया कि प्रस्तावित 136.30 किलोमीटर लंबा दिल्ली-पानीपत-करनाल नमो भारत कॉरिडोर प्रमुख परियोजनाओं में से एक है। इस परियोजना की अनुमानित लागत 33,051.15 करोड़ रुपये है। कॉरिडोर पर 17 स्टेशन प्रस्तावित हैं, जबकि भविष्य में चार अतिरिक्त स्टेशन बनाए जाने का प्रावधान रखा गया है। यह कॉरिडोर दिल्ली को पानीपत और करनाल के औद्योगिक एवं वाणिज्यिक केंद्रों से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
गुरुग्राम-फरीदाबाद-नोएडा-ग्रेटर नोएडा नमो भारत कॉरिडोर का प्रस्ताव भी विचाराधीन
बैठक में बताया गया कि गुरुग्राम-फरीदाबाद-नोएडा-ग्रेटर नोएडा नमो भारत कॉरिडोर का प्रस्ताव भी विचाराधीन है। इसका उद्देश्य हरियाणा और उत्तर प्रदेश के प्रमुख रोजगार, वाणिज्यिक और आवासीय केंद्रों को आपस में जोड़ना है। गुरुग्राम और फरीदाबाद क्षेत्र में रूट एलाइनमेंट तथा स्टेशनों को राज्य स्तर पर अंतिम रूप दिया जा चुका है। विस्तृत परियोजना रिपोर्ट संबंधित विभागों और विकास प्राधिकरणों को उनकी टिप्पणियों के लिए भेजी गई है।
सेक्टर-56, गुरुग्राम से पंचगांव तक प्रस्तावित मेट्रो कॉरिडोर परियोजना भी मंजूरी के अंतिम चरण में है। 35.25 किलोमीटर लंबे इस एलिवेटेड कॉरिडोर पर 28 स्टेशन होंगे। इसका उद्देश्य गुरुग्राम और पंचगांव क्षेत्र के बीच कनेक्टिविटी को बेहतर बनाना है। पंचगांव में यह कॉरिडोर नमो भारत (आरआरटीएस) कॉरिडोर से जुड़ेगा।

