चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय द्वारा 28 फरवरी से 1 मार्च 2026 तक दो दिवसीय कृषि विकास मेला अनाज मंडी लाडवा (कुरुक्षेत्र) में लगाया जाएगा। इस मेले का मुख्य विषय जल संरक्षण-प्रति बूंद से अधिक फसल रखा गया है,जिसका उद्देश्य किसानों को जल प्रबंधन की उन्नत तकनीक से अवगत कराना तथा कम पानी में अधिक उत्पादन की दिशा में प्रेरित करना है।
यह जानकारी देते हुए विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. बलदेव राज काम्बोज ने बताया कि कृषि विकास मेले के दौरान कृषि एवं औद्योगिक प्रदर्शनी लगाई जाएगी, जिसमें आधुनिक कृषि यंत्रों, उन्नत किस्म के बीजों तथा नवीनतम तकनीकों का प्रदर्शन किया जाएगा। किसानों के लिए मिट्टी एवं पानी के नमूनों की सामान्य शुल्क पर जांच की सुविधा उपलब्ध रहेगी। इसके अतिरिक्त रोग ग्रस्त फसलों की जांच एवं निदान, फसल प्रतियोगिता, गृह विज्ञान संबंधी जानकारी तथा कृषि विशेषज्ञों के साथ प्रश्नोत्तर सत्र का आयोजन भी किया जाएगा। कुलपति ने बताया कि कृषि विकास मेले में खरीफ फसलों एवं सब्जियों के उन्नत किस्म के बीजों की जानकारी एवं बिक्री, विश्वविद्यालय के प्रकाशनों की बिक्री तथा हरियाणवी संस्कृति पर आधारित कार्यक्रम मुख्य आकर्षण रहेंगे।
विस्तार शिक्षा निदेशक डॉ. रमेश कुमार यादव ने प्रदेश के सभी किसानों, कृषि अधिकारियों, प्रगतिशील किसानों एवं कृषि क्षेत्र से जुड़े उद्यमियों से अपील करते हुए कहा कि वे दो दिवसीय इस मेले में अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर वैज्ञानिक तकनीक का लाभ उठाएं और अपनी आय में वृद्धि करें।
उन्होंने बताया कि मेला स्थल पर स्टॉल लगाने एवं अन्य जानकारी के लिए सह-निदेशक विस्तार, विस्तार शिक्षा निदेशालय चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय, हिसार के मोबाइल नंबर 94164 82401 तथा 01662-255234 पर सम्पर्क स्थापित किया जा सकता है। सह निदेशक (विस्तार) डॉ. कृष्ण यादव ने बताया कि स्टॉल की बुकिंग आज से शुरू हो चुकी है और स्टॉल पहले आओ-पहले पाओ के आधार पर आवंटित की जा रही है।

