उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार ने प्रदेश के सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों (MSME) को वैश्विक बाजार से जोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। एक्सपोर्ट प्रमोशन ब्यूरो (EPB), MSME एवं निर्यात प्रोत्साहन विभाग, उत्तर प्रदेश सरकार और वॉलमार्ट इंक के बीच, वॉलमार्ट वृद्धि सप्लायर डेवलपमेंट प्रोग्राम के अंतर्गत, आइडियाज टू इंपैक्ट फाउंडेशन के माध्यम से एक रणनीतिक, गैर-वित्तीय एमओयू हस्ताक्षरित किया गया।
यह समझौता तीन वर्षों तक प्रभावी रहेगा और आपसी सहमति से आगे बढ़ाया जा सकता है। इस सहयोग के तहत प्रदेश के एमएसएमई को डिजिटल सशक्तिकरण, ई-कॉमर्स रेडीनेस, पैकेजिंग, क्वालिटी, सर्टिफिकेशन और मार्केट एक्सेस के क्षेत्रों में क्षमता-वृद्धि प्रशिक्षण उपलब्ध कराया जाएगा।
इस एमओयू का उद्देश्य उत्तर प्रदेश के एमएसएमई को राष्ट्रीय एवं वैश्विक वैल्यू चेन से जोड़कर निर्यात में वृद्धि और रोजगार सृजन को गति देना है। वॉलमार्ट वृद्धि के तहत उद्यमियों को फ्री-ऑफ-कॉस्ट प्रशिक्षण एवं मेंटरशिप प्रदान की जाएगी और उन्हें घरेलू तथा सीमा-पार ई-कॉमर्स व्यापार में भागीदारी हेतु तैयार किया जाएगा।
योगी सरकार द्वारा लागू उत्तर प्रदेश निर्यात प्रोत्साहन नीति 2025–30 में ई-कॉमर्स निर्यात पर विशेष बल दिया गया है। इसके अंतर्गत ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म पर पहली बार लिस्टिंग के लिए राज्य सरकार द्वारा एकमुश्त 75% शुल्क, अधिकतम तीन लाख रुपए तक का प्रोत्साहन प्रदान किया जा रहा है। इससे प्रदेश के निर्यातकों को वैश्विक बाजार में प्रवेश बाधाएं कम होंगी।
हस्ताक्षर समारोह में एडिशनल चीफ सेक्रेटरी अवस्थापना एवं औद्योगिक विकास, MSME एवं निर्यात प्रोत्साहन, एनआरआई विभाग आलोक कुमार सहित वॉलमार्ट, फ्लिपकार्ट और EPB के वरिष्ठ अधिकारियों ने प्रतिभाग किया।
इस अवसर पर आलोक कुमार ने कहा कि योगी सरकार के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश आज देश का उभरता हुआ निर्यात और ई-कॉमर्स हब बन रहा है। MSME हमारे राज्य की अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं। इस कार्यक्रम के साथ यह साझेदारी उनके लिए नए अवसर, नए बाजार और नई संभावनाएं खोलेगी।

