कविता.रोहतक: शहर की सबसे व्यस्त और संवेदनशील सड़कों में शामिल कोर्ट रोड अब लोगों के लिए बड़ी परेशानी का कारण बन गई है। सुबह से शाम तक यहां वाहनों की लंबी कतारें लगी रहती हैं और कोर्ट आने वाले वादकारी, वकील, कर्मचारी, छात्र और आम राहगीर जाम में फंसकर समय गंवाने को मजबूर हैं।
हालात ऐसे हैं कि कुछ सौ मीटर का सफर तय करने में भी कई मिनट लग जाते हैं। सड़क के दोनों ओर पार्किंग की व्यवस्था ने यातायात को और अधिक प्रभावित कर दिया है, जिससे पूरे क्षेत्र में रोजाना अव्यवस्था का माहौल बना रहता है।
आधी सड़क बनी पार्किंग, आधी पर दौड़ रही पूरी ट्रैफिक
कोर्ट के मुख्य गेट के सामने सड़क के एक हिस्से का इस्तेमाल पार्किंग के रूप में किया जा रहा है। इसके कारण सोनीपत स्टैंड से कोर्ट की ओर आने-जाने वाले वाहनों के लिए केवल एक लेन ही बचती है। इसी संकरी जगह से दोतरफा ट्रैफिक गुजरने की कोशिश करता है, जिससे थोड़ी-सी भी भीड़ पूरे रास्ते को जाम में बदल देती है।
विकास भवन वाले रास्ते पर भी वही हाल
कोर्ट परिसर से विकास भवन की ओर जाने वाली सड़क पर भी तस्वीर अलग नहीं है। यहां भी सड़क का एक हिस्सा पार्किंग में तब्दील हो चुका है। नतीजा यह है कि दोनों दिशाओं के वाहन एक ही लेन से गुजरते हैं। कार्यालय समय और कोर्ट की कार्यवाही के दौरान यहां वाहनों का दबाव इतना बढ़ जाता है कि पूरा इलाका जाम की चपेट में आ जाता है।
वादकारी, वकील और मरीज तक हो रहे परेशान
कोर्ट रोड से केवल न्यायालय ही नहीं, बल्कि आसपास के कई सरकारी कार्यालयों और संस्थानों तक लोगों की आवाजाही रहती है। जाम के कारण सुनवाई के लिए पहुंचने वाले वादकारी, अधिवक्ता, कर्मचारी और अन्य नागरिक समय पर अपने गंतव्य तक नहीं पहुंच पाते। कई बार एंबुलेंस और अन्य जरूरी वाहन भी इसी भीड़ में फंस जाते हैं, जिससे समस्या और गंभीर हो जाती है।
ट्रैफिक व्यवस्था पर उठ रहे सवाल
लोगों का कहना है कि सड़क पर स्थायी पार्किंग की व्यवस्था ने पूरे ट्रैफिक सिस्टम को प्रभावित कर दिया है। यदि पार्किंग के लिए वैकल्पिक स्थान विकसित किया जाए या सड़क को पूरी चौड़ाई में यातायात के लिए खोला जाए, तो काफी हद तक जाम से राहत मिल सकती है। लोगों का मानना है कि बेहतर ट्रैफिक प्रबंधन और नियमित निगरानी की भी जरूरत है।
समाधान की राह देख रहा कोर्ट रोड
शहर की बढ़ती आबादी और वाहनों की संख्या को देखते हुए कोर्ट रोड पर स्थायी समाधान की जरूरत महसूस की जा रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि पार्किंग की नई व्यवस्था, अतिक्रमण हटाने, ट्रैफिक पुलिस की नियमित तैनाती जैसे कदम उठाए जाएं तो इस इलाके को जाम से काफी राहत मिल सकती है। फिलहाल कोर्ट रोड पर हर दिन लोग अपने जरूरी काम से पहले जाम की परीक्षा देने को मजबूर हैं।

