Noida International Airport : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के प्रथम चरण का भव्य शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने एयरपोर्ट के कार्गो टर्मिनल का लोकार्पण करने के साथ ही 40 एकड़ क्षेत्र में विकसित होने वाली अत्याधुनिक एमआरओ (मेंटेनेंस, रिपेयर एंड ओवरहॉल) सुविधा का शिलान्यास भी किया।
इस दौरान प्रधानमंत्री ने समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि यह एयरपोर्ट केवल एक बुनियादी ढांचा परियोजना नहीं, बल्कि “विकसित भारत-विकसित उत्तर प्रदेश” अभियान का नया अध्याय है। यह एयरपोर्ट उत्तर भारत के लिए लॉजिस्टिक गेटवे बनकर निवेश, व्यापार और निर्यात को नई गति देगा।
प्रधानमंत्री ने कहा कि यह एयरपोर्ट आगरा, मथुरा, अलीगढ़, मेरठ, गाजियाबाद, बुलंदशहर सहित पूरे पश्चिमी उत्तर प्रदेश के लिए विकास का नया द्वार खोलेगा। इससे किसानों, छोटे और लघु उद्योगों तथा युवाओं को व्यापक अवसर प्राप्त होंगे। उन्होंने विशेष रूप से स्थानीय किसानों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनकी जमीन के योगदान से ही यह परियोजना साकार हो पाई है, जिससे अब कृषि उत्पाद वैश्विक बाजारों तक आसानी से पहुंच सकेंगे।
मल्टी मोडल कनेक्टिविटी और कार्गो हब से बढ़ेगा निर्यात
प्रधानमंत्री ने बताया कि जेवर एयरपोर्ट मल्टी मोडल कनेक्टिविटी का उत्कृष्ट उदाहरण है, जहां सड़क, रेल और हवाई परिवहन का निर्बाध एकीकरण होगा। एयरपोर्ट का कार्गो हब प्रारंभिक चरण में 2.5 लाख मीट्रिक टन वार्षिक क्षमता के साथ कार्य करेगा, जिसे भविष्य में 18 लाख मीट्रिक टन तक बढ़ाने की योजना है। इससे उत्तर प्रदेश के उत्पादों को वैश्विक बाजार में नई पहचान मिलेगी।
एमआरओ सुविधा से आत्मनिर्भर बनेगा एविएशन सेक्टर
प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत में अब तक 85% विमान एमआरओ सेवाओं के लिए विदेश भेजे जाते थे, जिससे भारी खर्च होता था। जेवर में बनने वाली एमआरओ सुविधा देश को इस क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाएगी और हजारों युवाओं के लिए रोजगार के अवसर सृजित करेगी।
यूपी बना एविएशन हब
प्रधानमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश में एयरपोर्ट नेटवर्क का तेजी से विस्तार हुआ है और अब यह देश के सर्वाधिक एयरपोर्ट वाले राज्यों में शामिल हो गया है। जेवर एयरपोर्ट डबल इंजन सरकार की कार्यसंस्कृति का उदाहरण है। वर्ष 2003 में इस परियोजना को मंजूरी मिली थी, लेकिन वर्षों तक यह फाइलों में अटकी रही। केंद्र और राज्य में समन्वय बनने के बाद ही इस परियोजना ने गति पकड़ी और आज यह धरातल पर उतर सकी है।
हर दो मिनट में एक विमान के उड़ान भरने की क्षमता
पीएम मोदी ने कहा कि उत्तर प्रदेश आज सबसे अधिक अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डों वाले राज्यों में शामिल हो गया है। जिस उत्तर प्रदेश ने उन्हें अपना प्रतिनिधि चुना और सांसद बनाया, आज उसी प्रदेश की पहचान एक भव्य एयरपोर्ट के साथ जुड़ गई है। यहां से न केवल दुनिया के विभिन्न हिस्सों के लिए विमान उड़ान भरेंगे, बल्कि यह विकसित उत्तर प्रदेश की नई उड़ान का प्रतीक भी बनेगा। जेवर एयरपोर्ट पूरे उत्तर भारत को दुनिया से जोड़ने का कार्य करेगा। यह एक अत्याधुनिक एयरपोर्ट होगा, जहां हर दो मिनट में एक विमान के उड़ान भरने की क्षमता विकसित की जा रही है।
जनता से कराया अनोखा उद्घाटन
अपने संबोधन के दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने एक अनोखी पहल करते हुए उपस्थित लोगों से मोबाइल फोन की फ्लैशलाइट जलाकर एयरपोर्ट का उद्घाटन करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि यह एयरपोर्ट आपकी अमानत है, आपका भविष्य है, आपका पुरुषार्थ है, इसलिए इसका उद्घाटन भी आपके हाथों से होना चाहिए। इस पर पूरा परिसर “भारत माता की जय” के नारों और रोशनी से जगमगा उठा, जो इस ऐतिहासिक क्षण का प्रतीक बना।

