रोहतक : आर्यनगर थाना के सामने धरने देने के मामले में पुलिस ने सतीश प्रजापति व उसके साथियों को कानून की अवेहलना करने पर मामला दर्ज कर गिरफ्तार किया गया है।
एसएचओ बिजेन्दर ने बताया कि सतीश प्रजापति निवासी बाबरा मौहल्ला ने सोशल मीडिया के माध्यम से एक इंटरव्यू दिया जिसमे थाना आर्य नगर पुलिस के कर्मचारियों पर भ्रष्टाचार में लिप्त होने व पुलिस की छवि ख़राब करने के लिए कई झूठे आरोप लगाए। वीडियो में सतीश ने दावा किया कि उसके पास पुलिस कर्मचारियों के भ्रष्टाचार में लिप्त होने के साक्ष्य है।
सतीश प्रजापति को प्रभारी थाना आर्य नगर द्वारा नोटिस दिया गया जिसमें सतीश को दिनांक 25 मार्च को सुबह 10 बजे थाने में आकर पुलिस के खिलाफ भ्रष्टाचार में लिप्त होने के साक्ष्य मौजूद करने बारे कहा गया। सतीश को साक्ष्य पेश करने बारे कहा और अगर उसके पास पुलिस के कर्मचारियों के खिलाफ भ्रष्टाचार में लिप्त होने के साक्ष्य है तो उनके ख़िलाफ़ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। सतीश को बार- बार थाने बुलाया गया लेकिन सतीश थाने में हाजिर नहीं हुआ। 25 मार्च को सतीश करीब सांय 4 बजे कुछ महिलाओं व कई युवकों के साथ थाना आर्य नगर पहुंचा और धरने पर बैठ गया। सतीश पुलिस कर्मचारियों के भ्रष्टाचार में संलिप्त होने के कोई सबूत पेश नहीं किए है।
सतीश व उसके साथियों द्वारा कानून व्यवस्था बिगाड़ने की स्थिति उत्पन्न की गई। सतीश के साथ आई महिलाओं व युवकों से बातचीत की जिसमें सामने आया कि सतीश उन्हे पैसों व अन्य चीजों का लालच देकर बहला फुसलाकर थाने में लेकर आया है। धरने मे शामिल युवकों को सतीश द्वारा फैलाई गई सोशल मीडिया पर पुलिस के ख़िलाफ़ झूठी अफवाह के बारे में नहीं पता था। सतीश के खिलाफ थाना आर्य नगर में क़ानून व्यवस्था बिगाड़ने, सरकारी कार्य में बाधा डालने व पुलिस के ख़िलाफ़ झूठे आरोप लगाकर पुलिस की छवि खराब करने के संबंध मे धारा 132, 221, 352 भारतीय न्याय संहिता के तहत अभियोग संख्या 55/2026 अंकित कर सतीश को गिरफ्तार किया गया है।
रोहतक पुलिस कि आमजन से अपील है कि जिस भी व्यक्ति को कानून अनुसार धरना प्रदर्शन करना है वह जिला प्रशासन द्वारा चिन्हित किए गए स्थान सेक्टर-6, रोहतक में स्थित मैदान पर धरना दे सकता है। इसके अलावा कही अन्य स्थान पर धरना प्रदर्शन करना है तो जिला उपायुक्त की परमिशन लेकर व शांतिपूर्वक धरना प्रदर्शन करें जिससे क़ानून व्यवस्था भंग न हो। क़ानून व्यवस्था बिगड़ने पर धरना देने वालों के ख़िलाफ़ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

