चंडीगढ़ : मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में बुधवार को हरियाणा निवास में शहरी स्थानीय निकाय विभाग की हाई-पावर्ड वर्क्स कमेटी (एचपीडब्ल्यूसी) की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित हुई। बैठक के दौरान, प्रदेशभर में प्रमुख शहरी अवसंरचना और विकास परियोजनाओं से संबंधित प्रस्तावों पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में शहरी स्थानीय निकाय मंत्री विपुल गोयल भी मौजूद रहे।
बैठक में कुल लगभग 136.64 करोड़ रुपये की 3 निविदाओं पर विचार किया गया, जबकि चौथी परियोजना के लिए पुनः निविदा आमंत्रित करने के निर्देश दिए गए। इन तीनों निविदाओं में बोलीदाताओं के साथ विस्तृत बातचीत के उपरांत कार्यों की लागत लगभग 127.87 करोड़ रुपये निर्धारित की गई, जिससे इस पारदर्शी प्रक्रिया के माध्यम से लगभग 8.77 करोड़ रुपये की बचत सुनिश्चित हुई।
मंज़ूर की गई परियोजनाओं में अमृत योजना के तहत फरीदाबाद शहर में नागरिक सुविधाओं और इंफ्रास्ट्रक्चर की कमी वाले क्षेत्रों में पानी की आपूर्ति प्रणाली प्रदान करने के लिए निविदा और अंबाला शहर नगर निगम में सड़कों की मशीनीकृत और मैनुअल सफाई का काम शामिल है, जिसका उद्देश्य सफाई व्यवस्था को दुरुस्त करना और शहरी स्वच्छता में सुधार करना है। इसके अलावा, बैठक में गुरुग्राम में श्री माता शीतला देवी मंदिर परिसर के पुनर्विकास के लिए सार्वजनिक स्वास्थ्य सेवाओं, इलेक्ट्रिकल, एचवीएसी और अग्निशमन प्रणालियों से संबंधित शेष कार्यों को भी मंज़ूरी दी गई।
बैठक के दौरान, मुख्यमंत्री ने परियोजनाओं को समय पर पूरा करने और गुणवत्ता मानकों का सख्ती से पालन करने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि शहरी बुनियादी ढांचे को सुदृढ़ करने, सेवा वितरण को अधिक प्रभावी बनाने और सार्वजनिक कार्यों में पूर्ण पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए राज्य सरकार पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
बैठक में मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव अरुण कुमार गुप्ता, अतिरिक्त प्रधान सचिव और आयुक्त एवं सचिव, शहरी स्थानीय निकाय डॉ. साकेत कुमार सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

